Category : InternationalPublished on: January 20 2026
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जापान ने फुकुशिमा परमाणु हादसे के लगभग 15 साल बाद दुनिया के सबसे बड़े परमाणु संयंत्र काशिवाज़ाकी-कारीवा को पुनः शुरू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
परियोजना संचालक TEPCO को स्थानीय प्रशासन की मंजूरी मिल चुकी है, हालांकि सुरक्षा को लेकर चिंताएं बनी हुई हैं।
एक तकनीकी समस्या के कारण पहले रिएक्टर की जनवरी 2026 में प्रस्तावित शुरुआत में थोड़ी देरी हुई है।
यह कदम जापान की ऊर्जा नीति में बड़ा बदलाव दर्शाता है, जिसका उद्देश्य महंगे जीवाश्म ईंधनों पर निर्भरता कम करना, बढ़ती ऊर्जा मांग को पूरा करना और डीकार्बनाइजेशन लक्ष्यों को हासिल करना है।