Category : MiscellaneousPublished on: March 03 2025
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इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केंद्र (आईजीएनसीए) ने सत्यार्थी मूवमेंट फॉर ग्लोबल कम्पैशन के साथ मिलकर नोबेल शांति पुरस्कार विजेता कैलाश सत्यार्थी की आत्मकथा दियासलाई पर एक समर्पित चर्चा आयोजित की।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने कैलाश सत्यार्थी की आत्मकथा दियासलाई को केवल एक पुस्तक नहीं, बल्कि बच्चों के मौलिक अधिकारों के लिए समर्पित एक आंदोलन बताया।
कैलाश सत्यार्थी ने अपनी आत्मकथा दियासलाई के माध्यम से दुनिया की समस्याओं का समाधान करुणा को बताया।
उन्होंने बाल अधिकारों और सामाजिक न्याय के प्रति अपनी आजीवन प्रतिबद्धता पर जोर दिया, जिसमें विदिशा के एक साधारण परिवार से लेकर नोबेल शांति पुरस्कार तक की उनकी यात्रा का वर्णन किया गया है।